नई दिल्ली - केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस पर गुरुवार को राष्ट्रीय टेली मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम, टेली मानसिक स्वास्थ्य सहायता और राज्यों में नेटवर्किंग (टेली मानस) के दो वर्ष पूरे होने का उत्सव मनाया। इस वर्ष के विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस का विषय है: “कार्यस्थल पर मानसिक स्वास्थ्य को प्राथमिकता देने का समय आ गया है”।
स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय की अतिरिक्त सचिव एवं राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की प्रबंध निदेशक आराधना पटनायक ने विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के भारत में प्रतिनिधि डॉ. रोडेरिको एच. ओफ्रिन, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय में संयुक्त सचिव सौरभ जैन, राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य एवं स्नायु विज्ञान संस्थान (निमहांस) की निदेशक डॉ. प्रतिमा मूर्ति और मंत्रालय के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में टेली मानस ऐप और टेली मानस वीडियो कॉल सुविधा का शुभारंभ किया।
अपने उद्घाटन भाषण में आराधना पटनायक ने कहा कि “मानसिक स्वास्थ्य, स्वास्थ्य के लिए जरूरी है और यह व्यक्तियों, परिवारों और समुदायों को उनकी पूर्ण क्षमता के साथ कार्य करने और समाज में योगदान करने के लिए सक्षम बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। कार्यस्थल पर अस्वस्थ वातावरण और अन्य प्रतिकूल कार्य स्थितियों का व्यक्ति के सामान्य स्वास्थ्य, मानसिक स्वास्थ्य और काम में भागीदारी या उत्पादकता पर प्रभाव पड़ता है। कार्यस्थल में सफल परिणामों के लिए एक स्वस्थ्य वातावरण और कार्य-जीवन संतुलन बनाने की आवश्यकता है।”
उन्होंने कहा कि “टेली मानस ने एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल कर ली है, तथा इसके लॉन्च होने के बाद से अब तक 14.5 लाख से अधिक कॉलों को संभाला जा चुका है।”किशोरों के मानसिक स्वास्थ्य के महत्व और उनके मुद्दों के बारे में बताते हुए, पटनायक ने “टेली मानस ऐप के बारे में जागरूकता सुनिश्चित करने के लिए सूचना, शिक्षा और संचार (आईईसी) की आवश्यकता” पर बल दिया।
इस कार्यक्रम में विभिन्न क्षेत्रों से आए पैनलिस्टों के साथ चर्चाएं हुईं, जिनमें स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, आयुष मंत्रालय, श्रम और रोजगार मंत्रालय, राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य और तंत्रिका विज्ञान संस्थान (निमहांस), अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) नई दिल्ली, मानव व्यवहार और संबद्ध विज्ञान संस्थान (आईएचबीएएस), विश्व स्वास्थ्य संगठन, भारतीय वाणिज्य एवं उद्योग महासंघ (फिक्की)/भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआईआई) और एनएटी हेल्थ (भारतीय स्वास्थ्य सेवा महासंघ) जैसे उद्योग संघ, स्वास्थ्य में उपयुक्त प्रौद्योगिकी कार्यक्रम (पीएटीएच) जैसे विकास साझेदार, स्वास्थ्य को बढ़ावा देने वाले संगठन जैसे आर्ट ऑफ लिविंग फाउंडेशन और आरोग्य वर्ल्ड, और जन साहस जैसे नागरिक समाज संगठन शामिल थे।
सत्रों के दौरान जिन विषयों पर चर्चा की गई, उनमें कार्यस्थलों पर मानसिक स्वास्थ्य लचीलापन बढ़ाने के लिए नीतियां और रूपरेखाएँ, अनौपचारिक कार्यस्थलों पर मानसिक स्वास्थ्य / चुनौतियां, अवसर और समावेशी समाधान और निवारक मानसिक स्वास्थ्य – कल्याण को बढ़ावा देने में समग्र प्रथाओं की भूमिका शामिल थीं। पैनलिस्टों ने मानसिक स्वास्थ्य सहायता को बढ़ावा देने में आयुष्मान आरोग्य मंदिरों (एएएम) और टेली मानस की भूमिका का भी पता लगाया।
क्या है टेली मानस
टेली मानस ऐप एक व्यापक मोबाइल प्लेटफ़ॉर्म है जिसे मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं के लिए सहायता प्रदान करने के लिए विकसित किया गया है। ऐप में सेल्फ केयर,तनाव के संकेतों को पहचानने, तनाव, चिंता और भावनात्मक संघर्षों के शुरुआती लक्षणों को प्रबंधित करने सहित कई तरह की जानकारी उपलब्ध है। यह ऐप इसका उपयोग करने वाले व्यक्ति को मानसिक चुनौतियों, खेलों और माइंडफुलनेस अभ्यासों के माध्यम से उपयोगकर्ता को अनुकूल अनुभव प्रदान करने में मदद करता है। यह ऐप उपयोगकर्ताओं को निःशुल्क कनेक्ट करने और देश भर में प्रशिक्षित मानसिक स्वास्थ्य पेशेवरों के माध्यम से गोपनीय मानसिक स्वास्थ्य सहायता प्राप्त करने में मदद करेगा, जो तत्काल परामर्श के लिए 24×7 उपलब्ध है।
टेली मानस में वीडियो परामर्श पहले से ही मौजूद ऑडियो कॉलिंग सुविधा का एक और अपग्रेड है। इसमे मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ कॉल करने वाले के बारे में अधिक जानकारी प्राप्त करने और उसका चिकित्सकीय इतिहास जानने के लिए ऑडियो कॉल एस्केलेशन ले रहे हैं। इसके द्वारा किसी भी निष्कर्ष की पुष्टि के लिए कॉल करने वाले व्यक्ति का संक्षिप्त शारीरिक या मानसिक स्थिति परीक्षा (MSE) भी ली जा सकती है। ये सुविधा कर्नाटक, जम्मू और कश्मीर और तमिलनाडु राज्यों में शुरू की जाएगी और इसके बाद इसका पूरे देश में विस्तार किया जाएगा ।
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