WRITER- सात्विक उपाध्याय
नई दिल्ली: भगवान राम की नगरी अयोध्या में 22 जनवरी को राम मंदिर का उद्घाटन होने जा रहा है और इसी दिन रामलला अपने जन्म स्थान यानी मदिर के गर्भ गृह में विराजमान होंगे। राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम के लिए जोरशोर से तैयारियां चल रही हैं। गुप्त मतदान के जरिए राम मंदिर के लिए नई मूर्ति का भी चयन कर लिया गया है और राम मंदिर में काशी से पूजन सामग्री भी पहुंच चुकी है। भक्तों को प्रसाद वितरित करने के लिए रामलला के ननिहाल छत्तीसगढ़ से चावल भी पहुंच चुके हैं। इसी के साथ ही देशभर के तमाम राज्यों से अन्य सामग्री पहुंचने का सिलसिला लगातार जारी है। 22 जनवरी को होने वाले इस भव्य कार्यक्रम में शामिल होने के लिए PM मोदी भी अयोध्या पहुंच रहे हैं और साथ ही इस दिन वो उपवास रखेंगे और प्राण-प्रतिष्ठा की सभी प्रक्रिया पूरी करेंगें।
राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा से पहले 16 जनवरी को पीएम मोदी का संकल्पित अक्षत अयोध्या आ जाएगा। अक्षत आने के बाद 7 दिवसीय अनुष्ठान शुरू होगा। चारों वेदों की सभी शाखाओं का परायण, यज्ञ जारी है और 15 जनवरी तक वैदिक विद्वानों द्वारा यज्ञ किया जा रहा है। प्राण-प्रतिष्ठा के कार्यक्रम में यजमान के लिए पवित्र नदियों में स्नान करना जरूरी माना गया है और ऐसे में माना जा रहा है कि PM मोदी भी सरयू में स्नान कर सकते हैं। बता दें कि 13 दिसम्बर 2021 को काशी विश्वनाथ कॉरिडोर के लोकार्पण के वक्त PM मोदी ने गंगा में डुबकी लगाई थी और पूजा-पाठ किया था। इसी को देखते हुए माना जा रहा है कि PM मोदी रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा से पहले सरयू में स्नान कर सकते हैं।
Comments (1)
V
Commencement of an era with renewed vigor.