सेहत का  खजाना लीची

सेहत का  खजाना लीची

लीची में पानी की मात्रा काफी अधिक होती है। यह विटामिन सी, पोटेशियम और नेचुरल शुगर का भी अच्छा स्त्रोत है। इसके सेवन से शरीर में पानी की मात्रा हमेशा संतुलित रहती है, जिससे शरीर और पेट को ठंडक प्राप्त होती है। पाचन क्रिया सही रखने के साथ ही मस्तिष्क के विकास में भी लीची की बड़ी भूमिका है।

लीची में उपस्थित विटामिन लाल रक्त कोशिकाओं के निर्माण और पाचन-प्रक्रिया के लिए आवश्यक है। इससे बीटा कैरोटीन को जिगर और दूसरे अंगों में संग्रहीत करने में मदद मिलती है। यह हमारे शरीर में कोलेस्ट्रॉल के स्तर को भी नियंत्रित रखता है। इससे हमारा तंत्रिका तंत्र स्वस्थ रहता है।

लीची को बतौर फल ही नहीं खाया जाता बल्कि इसका जूस और शेक भी बहुत पसंद किया जाता है। जैम, जैली, मार्मलेड, सलाद और व्यंजनों के लिए भी लीची का इस्तेमाल किया जाता है। छोटीसी लीची में कार्बोहाइड्रेट, विटामिन सी, विटामिन ए और बी कॉम्प्लेक्स, पोटेशियम, कैल्शियम, मैग्नीशियम, फॉस्फोरस, आयरन जैसे खनिज लवण पाए जाते हैं, जो इसे काफी फायदेमंद बना देते हैं।

इम्यूनिटी बढ़ाना

लीची एक अच्छा ऐंटी-ऑक्सिडेंट है। इसमें मौजूद विटामिन सी हमारे शरीर में रक्त कोशिकाओं के निर्माण और लोहे के अवशोषण में मदद करता है, जो प्रतिरक्षा प्रणाली को बनाए रखने के लिए जरूरी है। रक्त कोशिकाओं के निर्माण और पाचन-प्रक्रिया में सहायक लीची में बीटा कैरोटीन, राइबोफ्लेबिन, नियासिन और फोलेट काफी मात्रा में पाये जाते हैं।

वजन कम करने में सहायक

लीची हमारी फिगर का भी ध्यान रखती है। इसमें घुलनशील फाइबर बड़ी मात्रा में होते हैं, जो मोटापा कम करने का अच्छा उपाय है। फाइबर हमारे भोजन को पचाने में सहायक होता है और अंदरूनी समस्याओं को रोकने में मदद करता है।


 

सावधानियां


 

  • अधिक मात्रा में लीची का सेवन नहीं करना चाहिए।
  • एक दिन में 10-12 लीची से ज्यादा न खाएं।
  • ज्यादा लीची खाना स्वास्थ्य के लिए हानिकारक भी हो सकता है।
  • अधिक लीची खाने से खुजली और सूजन जैसी परेशानियां होने का खतरा बढ़ जाता है।
  • अधिक लीची के सेवन से सांस लेने में भी तकलीफ हो सकती है।
  • अधिक लीची खाने से सिर दर्द भी होने लगता है।

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पेट के लिए फायदेमंद

हल्के दस्त, उल्टी, पेट की खराबी, पेट के अल्सर और आंतरिक सूजन से उबरने में लीची का सेवन फायदेमंद है। यह कब्ज या पेट में हानिकारक टॉक्सिन के प्रभाव को कम करती है। गुर्दे की पथरी से होने वाले पेट दर्द से आराम पहुंचाती है।

ऊर्जा का प्रमुख स्रोत

लीची ऊर्जा का स्रोत है। थकान और कमजोरी महसूस करने वालों के लिए लीची बहुत फायदेमंद है। इसमें मौजूद नियासिन हमारे शरीर में ऊर्जा के लिए आवश्यक स्टेरॉयड, हॉर्मोन और हीमोग्लोबिन का निर्माण करता है।

सर्दी-जुकाम से बचाव

लीची विटामिन सी का एक अच्छा स्रोत होने के कारण खांसी-जुकाम, बुखार और गले के संक्रमण को फैलने से रोकती है।

(उदय इंडिया ब्यूरो)

 

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